दुर्ग में BJP के भीतर बढ़ी नाराजगी, धमधा मंडल के 15 नेताओं ने छोड़ा साथ; विधायक ईश्वर साहू की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल
दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में भाजपा के स्थानीय संगठन में असंतोष का मामला सामने आया है। किसानों की समस्याओं को लेकर नाराजगी जताते हुए पार्टी से जुड़े 15 पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से इस्तीफा दे दिया है।

दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में भाजपा के स्थानीय संगठन में असंतोष का मामला सामने आया है। किसानों की समस्याओं को लेकर नाराजगी जताते हुए पार्टी से जुड़े 15 पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से इस्तीफा दे दिया है। इस्तीफा देने वालों ने साजा विधायक ईश्वर साहू की कार्यप्रणाली पर असहमति जताई है। उन्होंने अपना त्यागपत्र धमधा मंडल अध्यक्ष लोकेन्द्र ब्रम्हाभट को भेजा है।
इस घटनाक्रम में भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के धमधा मंडल अध्यक्ष डॉ. हर्ष साहू और सक्रिय सदस्य तेजराम साहू सहित कई कार्यकर्ताओं के नाम शामिल हैं। सामूहिक इस्तीफे के बाद स्थानीय स्तर पर पार्टी के भीतर उठे असंतोष को लेकर चर्चा शुरू हो गई है।
किसानों की परेशानी बनी नाराजगी की वजह
इस्तीफा देने वाले पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की नाराजगी का प्रमुख कारण किसानों से जुड़े मुद्दों का समाधान नहीं होना बताया जा रहा है। उनका कहना है कि क्षेत्र के किसानों की समस्याओं पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने से असंतोष बढ़ा। इसी के बाद पार्टी से जुड़े 15 लोगों ने एक साथ संगठन छोड़ने का निर्णय लिया।
नाराजगी के दौरान साजा विधायक ईश्वर साहू की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए गए हैं। हालांकि, इस मामले में विधायक का पक्ष सामने आने के बाद ही उनका रुख स्पष्ट हो सकेगा।
सामूहिक इस्तीफे में इन कार्यकर्ताओं के नाम
भाजपा छोड़ने वालों में डॉ. हर्ष साहू, तेजराम साहू, कमलेश जंघेल, भरत गिरी गोस्वामी, दुवासू साहू, नेतूराम साहू, भानुप्रताप साहू, लीलाराम, चेतन देवांगन, अनिल कुमार, दूजलाल, सावंत साहू और खेमगिरि गोस्वामी समेत अन्य पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल बताए गए हैं।
सभी ने अपना इस्तीफा धमधा मंडल अध्यक्ष लोकेन्द्र ब्रम्हाभट को भेजा है। हालांकि, उपलब्ध नामों की सूची में 13 लोगों के नाम ही दर्ज हैं, जबकि इस्तीफा देने वालों की कुल संख्या 15 बताई गई है।
संगठन के सामने नाराजगी दूर करने की चुनौती
एक साथ कई पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के इस्तीफे से धमधा क्षेत्र में भाजपा संगठन के सामने असंतोष के कारणों पर ध्यान देने की जरूरत सामने आई है। अब पार्टी नेतृत्व की प्रतिक्रिया और नाराज लोगों की शिकायतों पर होने वाली कार्रवाई महत्वपूर्ण होगी।
फिलहाल, भाजपा संगठन और साजा विधायक ईश्वर साहू की ओर से इस घटनाक्रम पर आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने की जानकारी नहीं है। ऐसे में यह स्पष्ट होना बाकी है कि इस्तीफे स्वीकार किए जाते हैं या संगठन की ओर से नाराज पदाधिकारियों को मनाने की कोशिश की जाती है।




