किसानों के लिए बड़ी खबर! धान पंजीयन की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर, 16 नवंबर से खरीदी की संभावना
बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के लिए समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियां तेज हो गई हैं।

बलौदाबाजार। छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले में खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के लिए समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की तैयारियां तेज हो गई हैं। धान खरीदी 16 नवंबर से शुरू होने की संभावना है। जिले में अब तक 1,68,939 किसान धान बेचने के लिए पंजीयन करा चुके हैं। वहीं, नए किसानों के पंजीयन और पुराने पंजीयन में जरूरी संशोधन के लिए 31 अक्टूबर 2026 तक का समय निर्धारित किया गया है। जिला प्रशासन खरीदी केंद्रों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराने में जुटा है, ताकि किसानों को धान बेचने के दौरान परेशानी न हो।
खरीदी केंद्रों में व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश
कलेक्टर कुलदीप शर्मा के मार्गदर्शन में जिले के धान खरीदी केंद्रों में तैयारियां की जा रही हैं। शासन के निर्देशानुसार केंद्रों में धान की सुरक्षित रखरखाव व्यवस्था, इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन, नमी जांचने के उपकरण और बायोमेट्रिक प्रणाली की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।
प्रशासन का लक्ष्य है कि खरीदी शुरू होने से पहले सभी आवश्यक इंतजाम पूरे कर लिए जाएं। इसके लिए संबंधित अधिकारियों को केंद्रों में उपलब्ध संसाधनों की जांच करने और कमियों को समय रहते दूर करने के निर्देश दिए गए हैं।
बारिश से बचाव और सुरक्षित भंडारण पर जोर
धान खरीदी के दौरान उपज को खराब होने से बचाने के लिए केंद्रों में भंडारण की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसके तहत समतल और ऊंचे स्थानों का चयन करने, पर्याप्त पॉलिथीन कवर, डनेज सामग्री, सीमेंट ब्लॉक और फ्लाई ऐश ब्रिक्स जैसी जरूरी सामग्री उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए हैं।
धान की गुणवत्ता जांचने के लिए प्रत्येक खरीदी केंद्र में आर्द्रतामापी यंत्र यानी नमी मापने वाली मशीन की व्यवस्था की जाएगी। खरीदी शुरू होने से पहले इन उपकरणों का कैलिब्रेशन कराया जाएगा। खराब या अनुपयोगी मशीनों को बदलने की व्यवस्था भी की जाएगी।
इलेक्ट्रॉनिक तौल और बायोमेट्रिक से होगी खरीदी
धान खरीदी प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीनों का उपयोग किया जाएगा। इन मशीनों का विधिक मापविज्ञान विभाग से सत्यापन कराने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा केंद्रों में कंप्यूटर, प्रिंटर, जनरेटर और यूपीएस की स्थिति की जांच की जा रही है, ताकि खरीदी के दौरान तकनीकी समस्या न आए। बायोमेट्रिक आधारित व्यवस्था को सुचारु रूप से संचालित करने के लिए भी तैयारियां की जा रही हैं। प्रत्येक केंद्र पर नोडल अधिकारी नियुक्त कर चेकलिस्ट के माध्यम से व्यवस्थाओं का सत्यापन किया जाएगा।
पुराने किसानों को दोबारा पंजीयन से राहत
इस साल किसानों के लिए राहत की बात यह है कि खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में पंजीकृत किसानों को 2026-27 के लिए भी पंजीकृत माना जाएगा। ऐसे किसानों को दोबारा पंजीयन कराने की आवश्यकता नहीं होगी।
हालांकि, किसानों की भूमि, धान का रकबा और खसरा से संबंधित जानकारी राजस्व विभाग के माध्यम से एग्रीस्टेक पंजीयन पोर्टल पर अपडेट की जाएगी। वहीं, पहली बार पंजीयन कराने वाले किसानों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रक्रिया पूरी करनी होगी।
31 अक्टूबर तक पूरा कर लें पंजीयन
जिले में नए किसानों के पंजीयन और पंजीयन संबंधी आवश्यक संशोधन की अंतिम तारीख 31 अक्टूबर 2026 तय की गई है। इसलिए जो किसान समर्थन मूल्य पर धान बेचना चाहते हैं, उन्हें समय रहते अपना पंजीयन और जरूरी जानकारी का सत्यापन करा लेना चाहिए।
बलौदाबाजार जिले में अब तक 1,68,939 किसानों का पंजीयन हो चुका है। ऐसे में खरीदी केंद्रों पर पर्याप्त संसाधन, सुरक्षित भंडारण और तकनीकी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए महत्वपूर्ण है। अब सभी की नजर 16 नवंबर से संभावित धान खरीदी की शुरुआत और केंद्रों में तैयारियों के पूरा होने पर है।




