भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़वानी जिले के जामली स्थित गायत्री धाम में गायत्री परिवार के सदस्यों के साथ योगाभ्यास किया।
भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़वानी जिले के जामली स्थित गायत्री धाम में गायत्री परिवार के सदस्यों के साथ योगाभ्यास किया।

भोपाल। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़वानी जिले के जामली स्थित गायत्री धाम में गायत्री परिवार के सदस्यों के साथ योगाभ्यास किया। इस दौरान उन्होंने जीवन में सकारात्मक विचारों, आध्यात्मिक जागरूकता और परोपकार की भावना को महत्व देने की अपील की। मुख्यमंत्री ने कहा कि इंसान को अपने जीवन में अच्छे कर्मों का सिलसिला कभी नहीं रोकना चाहिए और मन में हमेशा सद्भाव बनाए रखना चाहिए।
शरद पूर्णिमा पर जीवन में अच्छाई अपनाने की अपील
मुख्यमंत्री ने शरद पूर्णिमा के अवसर पर कहा कि जीवन में सकारात्मकता और ऊर्जा बनाए रखना बेहद जरूरी है। उन्होंने प्रेरित करते हुए कहा कि प्रत्येक व्यक्ति के भीतर अच्छाई की ज्योति होती है, जिसे अपने विचारों और कर्मों के माध्यम से लगातार प्रज्वलित रखना चाहिए।
डॉ. यादव ने कहा कि जीवन के अंतिम पड़ाव तक इंसान को अपनी क्षमता के अनुसार अच्छे कार्य करते रहना चाहिए। मन से नकारात्मकता और दुर्भावना को दूर कर दूसरों के प्रति सद्भाव रखना ही बेहतर जीवन की पहचान है।
जीवन के हर पल को बनाएं सार्थक
मुख्यमंत्री ने कहा कि मनुष्य को मिला जीवन अनमोल है और इसका उपयोग सार्थक कार्यों में करना चाहिए। भगवान महाकाल, श्रीकृष्ण और मां गायत्री की कृपा से प्राप्त इस जीवन में समाज के लिए कुछ अच्छा करने का प्रयास हर व्यक्ति को करना चाहिए।
उन्होंने लक्ष्य निर्धारित करने और उसे हासिल करने के लिए लगातार मेहनत करने पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री के अनुसार, सकारात्मक सोच और सेवा भाव से व्यक्ति न केवल खुद आगे बढ़ सकता है, बल्कि समाज के विकास में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।
भारतीय दर्शन से समझाया मानव जीवन का महत्व
गायत्री धाम में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे’ के दार्शनिक विचार का उल्लेख किया। उन्होंने प्रकृति, वनस्पति, पंचतत्व और प्राणतत्व को जीवन की संरचना से जुड़ा महत्वपूर्ण आधार बताया।
उन्होंने कहा कि मनुष्य को अपने अस्तित्व और जीवन के उद्देश्य को समझते हुए अच्छे कार्यों के लिए समय निकालना चाहिए। आध्यात्मिक विचार व्यक्ति को अपने कर्तव्यों के प्रति जागरूक बनाने के साथ बेहतर आचरण की प्रेरणा भी देते हैं।
योग और आध्यात्मिकता से मजबूत होगा जीवन
मुख्यमंत्री ने योगाभ्यास के माध्यम से स्वस्थ दिनचर्या और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि योग के साथ अच्छे विचार और अनुशासित आचरण जीवन में संतुलन बनाए रखने में सहायक होते हैं।
उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे अपने व्यवहार में सद्भावना रखें और समाज के हित में काम करें। मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की कामना करते हुए सेवा, सकारात्मकता और सत्कर्मों को जीवन का हिस्सा बनाने की प्रेरणा दी।




